November 20, 2005
Lyrics:
Singer: Abida Parveen
तक़लीफ़-ए-हिज्र दे गई राहत कभी-कभी
बदला है यों भी रंग-ए-मोहब्बत कभी-कभी।
दिल मे तेरी जफ़ा को सहारा समझ लिया
गुज़री है यों भी हम पे मुसीबत कभी-कभी।
दुनिया समझ न ले तेरे ग़म की नज़ाकतें
करता हूँ ज़ेर-ए-लब शिक़ायत कभी-कभी।
है जिस तरफ़ निग़ाह तवज्जो उधर नहीं
होती है बेरुख़ी भी इनायत कभी-कभी।
आई शब-ए-फिराक़ तो घबरा गए ‘शजी’
आती है ज़िन्दगी में क़यामत कभी-कभी।
–
Is शजी the name of the lyricist? Any idea?
–
ज़ेर = Defeated, Weak , Under
ज़ेर-ए-लब = Humming, In A Whisper, Undertone
तवज्जो = Attention
फिराक़ = Separation, Anxiety
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Posted by Jaya
November 6, 2005
Lyrics:
Singer: Abida Parveen
तुमको देखे हुए ग़ुज़रे हैं ज़माने आओ
उम्र-ए-रफ़्ता का कोई ख़्वाब दिखाने आओ
मैं सराबों में भटकता रहूँ सहरा-सहरा
तुम मेरी प्यास को आईना दिखाने आओ।
अजनबयती ने कई दाग़ दिए हैं दिल को
आशनाई का कोई ज़ख़्म लगाने आओ।
मिलना चाहा तो किए तुमने बहाने क्या-क्या
अब किसी रोज़ न मिलने के बहाने आओ।
–
सराब = Mirage
सहरा = Desert
उम्र-ए-रफ़्ता = Past
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Posted by Jaya
August 10, 2005
Lyricist: Hasrat Jaipuri
Singer: Hussain Brothers
तू मेरे साथ न चल, ऐ मेरी रूह-ए-ग़ज़ल
लोग बदनाम न कर दें तू इरादों को बदल।
मैंने माना कि बहुत प्यार किया है तूने
साथ ही जीने का इकरार है तूने
मान ले बात मेरी देख तू इस राह न चल।
साथ देखेंगे तो फिर लोग कहेंगे क्या-क्या
सोच ले, सोच ले इलज़ाम धरेंगे क्या-क्या
ऐ मेरी परदा-नशीं देख न परदे से निकल।
अपनी उलफ़त पे कभी आँच न आ जाए कहीं
तेरी रुसवाई हो ये बात गँवारा ही नहीं।
देख नादान न बन, होश में आ, यूँ न मचल।
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August 8, 2005
Lyricist: Kaleem Usmani
Singer: Mehdi Hasan
तेरे भीगे बदन की खुशबू से लहरें भी हुईं मस्तानी सी
तेरा ज़ुल्फ़ को छूकर आज हुई ख़ामोश हवा दीवानी सी।
ये रूप का कुंदन दहका हुआ ये जिस्म का चंदन महका हुआ
इलज़ाम न देना फिर मुझको हो जाए अगर नादानी सी।
बिखरा हुआ काजल आँखों में तूफ़ान की हलचल साँसों में
ये नर्म लबों की ख़ामोशी पलकों में छुपी हैरानी सी।
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July 25, 2005
Lyricist:Ahsoor??
Singer: Ghulam Ali
तुम आ गए हो ऐ शह-ए-ख़ूबाँ ख़ुशामदीद
महका है आज दिल का गुलिस्ताँ ख़ुशामदीद।
उतरा है मेरी रूह के आँगन मे सैल-ए-नूर
गुरबत कदे में जश्न-ए-चरागाँ ख़ुशामदीद।
मिस्ल-ए-नसीम सुबह-ए-चमन हों सुबक खराम
इक इक क़दम नवेद-ए-बहाराँ ख़ुशामदीद।
जज़्बों को फिर यक़ीन की दौलत मिली आज
वजह-ए-करार-ए-क़ल्ब परीशाँ ख़ुशामदीद।
बरसों के बाद दिल में उजालों की है नुमू
मेहर-ए-मुनीर नैयर ताबाँ ख़ुशामदीद।
जाना तुम्हारी चश्म-ए-मोहब्बत का फ़ैज़ है
‘आशूर’ भी है आज ग़ज़लफ़ाँ ख़ुशामदीद।
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ख़ूबाँ = The fair, The beautiful, Sweetheart, Lady-love
ख़ुशामदीद = Welcome
सैल = Short for सैलाब = Flood, Deluge, Torrent
नूर = Bright, Light, Luminescence, Luster, Refulgence
गुरबत = Exile
कद = A retreat, A den, A cavern
मिस्ल = Analogous, Example, Like, Record, Resembling
नसीम = Gentle Breeze, Zephyr
सुबक खराम = Jink
नवेद = Good News
नवेद-ए-बहाराँ = Call of Spring
क़ल्ब = Heart
वजह-ए-करार-ए-क़ल्ब = The reason of the calmness of the heart
परीशाँ = Having the disposition of a fairy, Like fairy
नुमू = Growth
मेहर-ए-मुनीर = Sunlight
नैयर = Lightsome, Luminous
ताबाँ = Hot, Burning, Light, Luminous, Shining, Radiant
चश्म = Eye
फ़ैज़ = Favour
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July 2, 2005
Lyricist: Sant Darshan Singh
Singer: Ghulam Ali
तुझे क्या ख़बर मेरे हमसफ़र, मेरा मरहला कोई और है।
मुझे मंज़िलों से गुरेज़ है मेरा रास्ता कोई और है।
मेरी चाहतों को न पूछिए, जो मिला तलब के सिवा मिला
मेरी दास्ताँ ही अजीब है, मेरा मसला कोई और है।
वो रहीम है, वो करीम है, वो नहीं कि ज़ुल्म सदा करे
है यक़ीं ज़माने को देखकर कि यहाँ ख़ुदा कोई और है।
मैं चला कहाँ से ख़बर नहीं, इस सफ़र में है मेरी ज़िन्दगी
मेरी इब्तदा कहीं और है मेरी इंतहा कोई और है।
मेरा नाम ‘दर्शन’ है खतन, मेरे दिल में है कोई लौ पिघन
मैं हूँ गुम किसी की तलाश में मुझे ढूँढता और है।
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Could not hear clearly the words in bold (of the last stanza). And hence, in all probability, they are written wrong. Corrections?
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मरहला = Journey
गुरेज़ = Escape, Evasion
मसला = Problem
इब्तदा = Beginning
इंतहा = Ending
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June 23, 2005
Lyricist: Hafiz Hoshiarpuri
Singer: Ghulam Ali
तमाम उम्र तेरा इंतज़ार हमने किया
इस इंतज़ार में किस-किस से प्यार हमने किया।
तलाश-ए-दोस्त को एक उम्र चाहिए, ऐ दोस्त!
कि एक उम्र तेरा इंतज़ार हमने किया।
तेरे ख़याल में दिलशाद मैं रहा बरसों
तेरे हुज़ूर इसे सौगवार हमने किया।
ये तिशनगी है कि उनसे क़रीब रहकर भी
‘हफ़ीज़’ याद उन्हें बार-बार हमने किया।
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दिलशाद = Cheerful, Winsome
तिशनगी = Desire
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